सरगुजा में दर्दनाक हादसा – करंट की चपेट में हाथी के बच्चे की मौत, रातभर चिंघाड़ता रहा 27 हाथियों का झुंड

सरगुजा, छत्तीसगढ़ |अंबिकापुर – सरगुजा के उदयपुर वन परिक्षेत्र के अलकापुरी जंगल में बुधवार रात करीब 10 बजे फसल बचाने के लिए लगाए गए इलेक्ट्रिक फेंसिंग / झटका तार की चपेट में आने से मादा हाथी के बच्चे की मौत हो गई। बच्चे की सूंड और पैर तार में फंस गए और लगातार करंट के संपर्क में रहने से मौके पर ही मौत हो गई

बड़ा झुंड था इलाके में:
उस समय उदयपुर क्षेत्र में 27 हाथियों का दल घूम रहा था – पहले 15 हाथी थे, बाद में कोरिया जिले से 12 और हाथी आ गए थे, जिससे फसलों को नुकसान बढ़ गया था

फेंसिंग किसकी थी:
अलकापुरी में खेतों के चारों ओर 1 KM से ज्यादा झटका तार लगाया गया था। बताया जा रहा है कि जिस खेत के आसपास तार था, वह झिरमिटी सरपंच चंदन एक्का और उनके परिवार की जमीन है

मौत के बाद रातभर दहशत:
बच्चे की मौत के बाद झुंड पूरी रात वहीं डटा रहा और लगातार चिंघाड़ता रहा। आवाज सुनकर अलकापुरी गांव के लोग घरों से बाहर नहीं निकले, पूरे इलाके में भय का माहौल रहा

स्थानीय लोगों का शक:
ग्रामीणों का कहना है कि सामान्य झटका मशीन (12 वोल्ट सोलर) से मौत नहीं हो सकती, तार में सीधे करंट लगाया गया होगा। वन विभाग अवैध हुकिंग की भी जांच कर रहा है

वन विभाग की कार्रवाई:
वन विभाग के वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे, शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा गया है और वन्यजीव संरक्षण अधिनियम के तहत कार्रवाई की तैयारी है 63fc

ये घटना अकेली नहीं है – पिछले 5 दिन में छत्तीसगढ़ में 3 हाथियों की मौत हुई है (सरगुजा, रायगढ़ तमनार में तालाब में डूबने से शावक, जशपुर दुलदुला में करंट से नर हाथी)