Raipur news:पुराने बदमाश पर नया मुकदमा!​रायपुर पुलिस कमिश्नरेट की बड़ी कार्यवाही:​आरोपी फिरोज़ गिरफ्तार।​36 पाव अवैध अंग्रेजी शराब बरामद।​होंडा एक्टिवा और नगदी जब्त।

रायपुर:थाना मौदहापारा पुलिस को विश्वसनीय मुखबिर से सूचना प्राप्त हुई कि शहीद स्मारक भवन पार्किंग क्षेत्र में एक व्यक्ति अवैध रूप से शराब का विक्रय कर रहा है। सूचना को गंभीरता से लेते हुए थाना मौदहापारा पुलिस ने योजनाबद्ध तरीके से दबिश दी। मौके पर घेराबंदी कर एक संदिग्ध व्यक्ति को पकड़ा गया, जिसने पूछताछ में अपना नाम फिरोज खान पिता रशीद खान, उम्र 52 वर्ष, निवासी रजबंधा मैदान, थाना मौदहापारा रायपुर बताया।

आरोपी फिरोज खान क्षेत्र का आदतन गुंडा-बदमाश एवं असामाजिक प्रवृत्ति का व्यक्ति है, जिसकी अवैध शराब बिक्री संबंधी शिकायतें लगातार प्राप्त हो रही थीं। आरोपी के लंबे समय से अवैध शराब कारोबार में संलिप्त होने की जानकारी मिलने पर उसकी गतिविधियों पर विशेष निगरानी रखी जा रही थी। अवैध शराब बिक्री पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित करने तथा आरोपी की गतिविधियों पर नजर रखने के उद्देश्य से क्षेत्र में सीसीटीवी कैमरे लगाए गए थे। पुलिस की सतत निगरानी एवं लगातार की जा रही कार्यवाही के दबाव के कारण आरोपी ने अपने निवास स्थान के बजाय अन्य स्थानों पर अवैध शराब बिक्री का अड्डा संचालित करना प्रारंभ कर दिया था तथा लगातार स्थान बदलकर पुलिस को चकमा देने का प्रयास कर रहा था। मौदहापारा पुलिस द्वारा आरोपी की गतिविधियों पर लगातार गुप्त निगरानी रखी जा रही थी तथा मुखबिर तंत्र को सक्रिय किया गया था। इसी सक्रिय निगरानी एवं मुखबिर से प्राप्त सटीक सूचना के आधार पर आरोपी को शहीद स्मारक भवन पार्किंग क्षेत्र में अवैध शराब बिक्री करते हुए रंगे हाथों पकड़ा गया। पूछताछ के दौरान आरोपी अपने कब्जे में रखी शराब के संबंध में

कोई वैध लाइसेंस अथवा दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सका। आरोपी द्वारा अवैध रूप से शराब का संग्रहण एवं विक्रय किया जाना पाए जाने पर उसके विरुद्ध धारा 34(2) आबकारी अधिनियम के तहत अपराध पंजीबद्ध कर विधिवत गिरफ्तार किया गया तथा उसे न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया गया।

आदतन गुंडा-बदमाश को रंगे हाथों गिरफ्तार किया गया। आरोपी की गतिविधियों पर पूर्व से पुलिस की सतत निगरानी थी। क्षेत्र में निगरानी हेतु सीसीटीवी कैमरे लगाए गए थे। पुलिस को चकमा देने के लिए आरोपी ने अन्य स्थान पर शराब बिक्री का अड्डा बना लिया था। सक्रिय मुखबिर तंत्र एवं गुप्त निगरानी के माध्यम से आरोपी तक पहुंच बनाई गई। अवैध शराब, नगदी एवं वाहन जप्त किया गया।आबकारी अधिनियम के तहत कठोर वैधानिक कार्रवाई की गई।