CG breaking-दुर्ग: LPG की कालाबाजारी पर बड़ा एक्शन, गैस एजेंसी से 599 गैस सिलेंडर जब्त

दुर्ग: जिले में घरेलू गैस सिलेंडरों की निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए प्रशासन सख्त रुख अपनाए हुए है। इसी कड़ी में जिला खाद्य कार्यालय की टीम ने रसमड़ा के बोरई इंडस्ट्रियल ग्रोथ सेंटर स्थित ‘पापुशा गैसेस प्राइवेट लिमिटेड’ पर आकस्मिक छापेमारी कर बड़ी कार्रवाई की है।​

बिना दस्तावेजों के चल रहा था कारोबार​

जांच के दौरान पाया गया कि पापुशा गैसेस और कॉन्फिडेंस पेट्रोलियम इंडिया लिमिटेड द्वारा ‘गो गैस’ और ‘गैस पॉइंट’ ब्रांड के नाम से समानांतर विपणन प्रणाली (Parallel Marketing System) के जरिए गैस सिलेंडरों की सप्लाई की जा रही थी।

​खाद्य नियंत्रक अनुराग भदौरिया के अनुसार, जांच में निम्नलिखित अनियमितताएं पाई गईं:​

दस्तावेजों का अभाव: फर्म द्वारा समानांतर विपणनकर्ता के रूप में कार्य करने से संबंधित कोई वैध दस्तावेज या रेटिंग प्रमाण पत्र प्रस्तुत नहीं किया गया।​

स्टॉक में अंतर: रजिस्टर में दर्ज स्टॉक और भौतिक सत्यापन के दौरान मिले सिलेंडरों की संख्या में भारी अंतर मिला।​

नियमों का उल्लंघन: कार्यस्थल पर स्टॉक और कीमतों का प्रदर्शन नहीं किया गया था और न ही कलेक्टर दुर्ग को इस संबंध में कोई जानकारी दी गई थी।​

रिफिलिंग और पेंटिंग का खेल

​छापेमारी के वक्त फर्म के भीतर विभिन्न सिलेंडरों पर पेंटिंग का काम चल रहा था, जहां सिलेंडरों का नेट वेट, टेयर वेट और एक्सपायरी डेट अंकित की जा रही थी। मौके पर गैस रिफिलिंग के लिए 3 बुलेट भी मिले, जिनमें 2841 किलोग्राम एलपीजी भंडारित थी।​

जब्ती की कार्रवाई

द्रवीकृत पेट्रोलियम गैस (प्रदाय और वितरण विनियमन) आदेश 2000 के विभिन्न प्रावधानों के उल्लंघन पर प्रशासन ने सख्त कदम उठाते हुए 599 नग गैस सिलेंडर और 2841 किलोग्राम एलपीजी को जब्त कर लिया है। अधिकारियों का कहना है कि अवैध कारोबार और कालाबाजारी रोकने के लिए जिले में इस तरह की छापेमारी आगे भी जारी रहेगी।